Sat, 18 Jun 2022

Interest Free Agri Loan: किसानों के लिए खुशखबरी, ब्याज मुक्त कृषि ऋण के लिए सरकार ने बदले नियम

Interest Free Agri Loan: किसानों के लिए खुशखबरी, ब्याज मुक्त कृषि ऋण के लिए सरकार ने बदले नियम

राजस्थान सरकार ने पैक्स (PACS-Primary Agricultural Credit Society) के गठन के लिए पहले से चले आ रहे सभी मापदंड बदल दिए गए हैं. ताकि इसका गठन आसान हो सके और नए किसानों को भी ब्याज मुक्त फसली लोन का फायदा दिया जा सके. पहले जहां नए पैक्स के गठन के लिए हिस्सा राशि 5 लाख रुपये और न्यूनतम सदस्य संख्या 500 होते थे, उसे अब घटाकर हिस्सा राशि को 3 लाख एवं सदस्य संख्या को 300 तक करत दिया गया है.

इससे ज्यादा पैक्स का गठन किया जा सकेगा. राजस्थान के सहकारिता रजिस्ट्रार मुक्तानंद अग्रवाल के अनुसार सरकार की मंशा है कि ज्यादा से ज्यादा किसान ग्राम सेवा सहकारी समितियों से जुड़ें सके. ताकि उसे आसानी से ब्याज मुक्त फसली कर्ज (Interest Free Loan) के साथ-साथ खाद, बीज, कीटनाशक समेत अन्य सुविधाओं का भी उसके घर के पास ही लाभ दिया जा सके और किसान की खेती का रास्ता आसान हो सके.

अग्रवाल ने बताया कि वर्ष 2021-22 में किसानों को 18 हजार 500 करोड़ रुपये का ब्याज मुक्त फसली ऋण वितरण का लक्ष्य रखा गया था. नए पैक्स के गठन से नए किसानों को भी ब्याज मुक्त फसली ऋण का लाभ मिलेगा. इसके लिए बजट घोषणा वर्ष 2022-23 में इसे बढ़ाकर 20 हजार करोड़ रूपये किया गया है. उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि वह नई ग्राम सेवा सहकारी समितियों के गठन की प्रक्रिया को शीघ्र पूरा करें ताकि ब्याज मुक्त फसली ऋण से वंचित किसानों (Farmers) को भी इसके दायरे में लाया जा सकें. इस साल अब तक 154 नए पैक्स का गठन हुआ हैं.

पैक्स गठन में आ रही दिक्कतों को दूर करने के आदेश 

सहकारिता रजिस्ट्रार अग्रवाल ने जिलावार नए पैक्स के गठन को पूरा करने के लक्ष्य के बारे में उप रजिस्ट्रारों से चर्चा की और जून माह तक के लक्ष्य पूरा करने के निर्देश दिए गए है. उन्होंने अतिरिक्त खंडीय रजिस्ट्रारों को भी आदेश दिए कि संभाग के जिलों की लक्ष्यवार समीक्षा करें एवं जिलों का दौरा कर नए पैक्स के गठन की प्रक्रिया में आ रही समस्याओं को दूर किया जाए. उन्होंने नई ग्राम सेवा सहकारी समितियों के गठन के निर्धारित लक्ष्य की पूर्ति के संबंध में वीसी के माध्यम से संबोधित किया जा रहा था.  उन्होंने बताया कि पैक्स विहीन ग्राम पंचायत पर नई पैक्स का गठन जरूर किया जाए. 

एक हजार नई ग्राम सेवा सहकारी समितियों का हुआ गठन

अग्रवाल ने बताया कि राज्य में सभी ग्राम पंचायतों के मुख्यालयों पर नई ग्राम सेवा सहकारी समितियों (Cooperative Societies) का गठन तेजी करत दिया गया है. और वर्तमान सरकार के कार्यकाल में 1 हजार से अधिक नई ग्राम सेवा सहकारी समितियों का भी गठन हो चुका है और इससे राज्य में लगभग 7300 ग्राम सेवा सहकारी समितियां बनी हुई है. उन्होंने बताया कि नई ग्राम सेवा सहकारी समितियों के गठन से 3 लाख से अधिक नए सदस्य इन सहकारी समितियों से जोड़े जा रहे हैं. दूसरी ओर वर्ष 2022-23 में अब तक 154 नए पैक्स का गठन किया जा चुका है.


किसानों को पैक्स के जरिए कितना लोन मिल रहा

राजस्थान सरकार के अनुसार वर्ष 2021-22 में 28.53 लाख किसानों को 18,072 करोड़ रुपये का फसली ऋण दे रही है. यह प्रदेश के इतिहास में 1 वर्ष में सर्वाधिक फसली ऋण वितरण का रिकॉर्ड किया है. इस वर्ष किसानों को 20 हजार करोड़ रुपये का फसली ऋण का वितरण कर रहा है और 5 लाख नए किसानों को भी इससे जोड़ा गया  है.